घोषणाओं का ढेर, पशुपालक अब भी लाचार ?

बजट बढ़ा, लेकिन ज़मीनी इलाज कब?

एनीटाइम न्यूज नेटवर्क।  प्रदेश सरकार ने सभी ब्लॉकों पर पशुधन औषधि केंद्र खोलने, मुफ्त चारा बीज देने और वेटनरी सेवाओं के विस्तार जैसी कई बड़ी घोषणाएं की हैं, लेकिन सवाल उठ रहा है कि क्या ये योजनाएं वास्तव में पशुपालकों तक पहुंच पाएंगी या फिर कागजों तक ही सीमित रह जाएंगी।

पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने पशु चिकित्सा सुविधाओं को मजबूत करने और पीपीपी मॉडल पर सेवाएं शुरू करने की बात कही, मगर ग्रामीण इलाकों में पहले से मौजूद पशु चिकित्सालयों की स्थिति अक्सर बदहाल बताई जाती है। कई स्थानों पर डॉक्टरों की कमी, दवाओं का अभाव और उपकरणों की खराब हालत पशुपालकों को निजी और महंगे इलाज की ओर धकेल रही है। ऐसे में नए केंद्र खोलने की घोषणा पर भरोसा करने से पहले पुराने ढांचे को दुरुस्त करना बड़ी चुनौती माना जा रहा है।

सरकार ने अनुदानित योजनाओं का बजट 6.02 करोड़ से बढ़ाकर 22.45 करोड़ रुपये करने का दावा किया है, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि विशाल पशुधन वाले राज्य के लिए यह राशि अभी भी अपर्याप्त हो सकती है। मुफ्त चारा बीज और नस्ल सुधार कार्यक्रम जैसे कदम सकारात्मक दिखते हैं, पर इनके प्रभावी वितरण और निगरानी पर हमेशा सवाल उठते रहे हैं।

निराश्रित गोवंश की समस्या भी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। खेतों में छुट्टा पशुओं से फसलों को नुकसान की शिकायतें समय-समय पर सामने आती रही हैं। सरकार भले ही लाखों गोवंश के संरक्षण का दावा करे, लेकिन ग्रामीण किसान अब भी इस समस्या से जूझते नजर आते हैं।

पीपीपी मॉडल को लेकर भी आशंकाएं हैं कि इससे सेवाएं महंगी हो सकती हैं, जिससे छोटे पशुपालकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा। पैथालॉजी और पॉलीक्लिनिक केंद्रों की स्थापना की बात जरूर कही गई है, पर यह स्पष्ट नहीं है कि ये सुविधाएं कितनी जल्दी और किस स्तर पर उपलब्ध होंगी।

प्रदेश देश में दुग्ध उत्पादन में अग्रणी होने का दावा करता है, लेकिन पशुपालकों की आय, पशु स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और बाजार में उचित कीमत जैसे मुद्दे अब भी समाधान की प्रतीक्षा में हैं। ऐसे में घोषणाओं से आगे बढ़कर ठोस क्रियान्वयन ही तय करेगा कि पशुपालन क्षेत्र वास्तव में मजबूत होगा या सिर्फ आंकड़ों में विकास दिखेगा।

#tags:
#AnimalHusbandry #UPGovernment #FarmersConcern #LivestockCrisis #GroundReality #PolicyVsReality #RuralEconomy #DairySector #PPPModel #Governance

About ATN-Editor

Anytime news:- Web News portal, weekly newspaper, YouTube news channel,

Check Also

Hollow Trophies & Ground Realities: UP Ministers Cornered by Press Over PMAY-U 2.0 Stagnation

Pooja Srivastava Anytime News Network While the Uttar Pradesh government aggressively beats its drum over …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *