MSME और स्टार्टअप्स के लिए सुनहरा मौका, एरोमा उद्योग में यूपी को मिलेगी नई पहचान

एनीटाइम न्यूज नेटवर्क।। एरोमा फेडरेशन ऑफ इंडिया, मर्चेन्ट्स चैम्बर ऑफ उत्तर प्रदेश, कानपुर तथा सुगंध एवं सुरस विकास केंद्र (एफएफडीसी) मुख्यालय, कन्नौज के संयुक्त तत्वावधान में एरोमा, अगरबत्ती एवं कॉस्मेटिक उद्योग की संभावनाओं और निर्यात पर आधारित एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन मर्चेन्ट्स चैम्बर ऑफ उत्तर प्रदेश, सिविल लाइन्स, कानपुर में किया गया। कार्यक्रम में एसेन्शियल ऑयल एसोसिएशन ऑफ इंडिया, नोएडा, फ्रेग्रेन्सेस एंड फ्लेवर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया, मुंबई तथा सुगंध व्यापार संघ, दिल्ली सहयोगी संस्थानों के रूप में शामिल रहे।

कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में एफएफडीसी मुख्यालय कन्नौज के निदेशक  शक्ति विनय शुक्ल ने संगोष्ठी के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश एरोमा, अगरबत्ती एवं कॉस्मेटिक उद्योग की दृष्टि से अत्यंत संभावनाशील राज्य है। उन्होंने एफएफडीसी द्वारा उद्योग के लिए उपलब्ध कराई जा रही तकनीकी सेवाओं—प्रशिक्षण, परीक्षण, प्रसंस्करण, आसवन, सुगंध निर्माण एवं परामर्श सुविधाओं—की जानकारी दी तथा केंद्र की भविष्य की कार्ययोजना साझा की।

एरोमा फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष  योगेश दुबे ने वैश्विक एरोमा उद्योग में मौजूद अवसरों पर चर्चा करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश निर्यात के माध्यम से इस क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा सकता है। उन्होंने जानकारी दी कि एरोमा फेडरेशन ऑफ इंडिया छत्रपति साहू जी महाराज विश्वविद्यालय, कानपुर के सहयोग से युवाओं के लिए एक से दो दिवसीय कार्यशालाओं का आयोजन करेगा।

मर्चेन्ट्स चैम्बर ऑफ उत्तर प्रदेश की निर्यात समिति के अध्यक्ष  तरुण गर्ग ने इत्र, एरोमा, अगरबत्ती एवं कॉस्मेटिक उत्पादों के निर्यात की व्यापक संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए उद्यमियों को राज्य से निर्यात के लिए प्रोत्साहित किया।

मुख्य अतिथि प्रो. विनय पाठक ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की संगोष्ठियाँ उद्योग विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने नवाचार, शोध, स्टार्टअप संस्कृति और युवाओं को उद्योग से जोड़ने पर विशेष जोर दिया तथा एफएफडीसी कन्नौज एवं सीएसजेएम विश्वविद्यालय द्वारा संचालित एम.एससी. (रसायन) पाठ्यक्रम की जानकारी दी।

सुगंध व्यापार संघ, दिल्ली के अध्यक्ष डॉ. रोहित सेठ ने बताया कि एफएफडीसी कन्नौज एवं सीएसआईआर-आईआईटीआर लखनऊ के सहयोग से अगरबत्ती उद्योग में रेगुलराइजेशन और स्टैंडर्डाइजेशन पर कार्य किया जा रहा है। वहीं प्रो. जे. राम कुमार (आईआईटी कानपुर) ने एरोमा उत्पादन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ड्रोन तकनीक के उपयोग पर प्रस्तुति दी।

कार्यक्रम के समापन पर  अतुल अग्रवाल, कोषाध्यक्ष, एरोमा फेडरेशन ऑफ इंडिया ने सभी अतिथियों, वक्ताओं एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। संगोष्ठी के सफल संचालन में एफएफडीसी एवं सहयोगी संस्थानों के अधिकारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

About ATN-Editor

Anytime news:- Web News portal, weekly newspaper, YouTube news channel,

Check Also

Massive Victory for Labour Rights: Rs 50 Lakh Pending Wages Cleared for 423 Contract Workers at Kanpur Ordnance Factory

Anytime News Network  Pooja Srivastava  In a powerful demonstration of administrative efficiency and labor justice, …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *